


बदलता छत्तीसगढ़।रायगढ़।
“मैंने कभी नशा नहीं किया… फिर भी मैं बिल्कुल ठीक हूं, मेरी जिंदगी मजे से चल रही है!”
यह सिर्फ एक बयान नहीं, बल्कि समाज को आईना दिखाने वाला सवाल है।आखिर ऐसा क्या है नशे में कि लोग इसके पीछे अपनी जिंदगी बर्बाद करने पर उतारू हो जाते हैं?
भूपदेवपुर क्षेत्र के ग्राम पंचायत डूमरपाली में आयोजित जागरूकता शिविर में जब एसएसपी शशिमोहन सिंह ने यह बात कही, तो पूरा माहौल तालियों से गूंज उठा| भूपदेवपुर क्षेत्र
पुलिस द्वारा आयोजित इस विशेष जागरूकता शिविर में ग्रामीणों को
◆ नशा मुक्ति
◆ साइबर फ्रॉड से बचाव
◆ कानूनी जानकारी
के बारे में विस्तार से बताया गया।
◆ एसएसपी का सीधा और सख्त संदेश
◆ “नशा इंसान की सोच और भविष्य दोनों को खत्म कर देता है।”
★ “जो पैसा घर की खुशहाली में लगना चाहिए, वही नशे में बर्बाद हो जाता है।”
उन्होंने साफ कहा—
★ नशा = बदहाली
★ नशा मुक्त जीवन = खुशहाली + तरक्की
नशा क्यों बनता है सबसे बड़ा दुश्मन?
एसएसपी ने ग्रामीणों को समझाया—
◆ नशा परिवार को तोड़ता है
◆ आर्थिक स्थिति को कमजोर करता है ।अपराध की ओर धकेलता है।
● स्वास्थ्य को अंदर से खत्म करता है
● “अगर नशा नहीं होगा, तो घर में खुशियां खुद-ब-खुद आएंगी।”
● साइबर फ्रॉड पर भी बड़ी चेतावनी
शिविर में यह भी बताया गया
◆ अंजान कॉल और लिंक से सावधान रहें
● OTP और बैंक डिटेल किसी को न दें
◆ऑनलाइन ठगी के मामलों में तुरंत पुलिस से संपर्क करें
◆ ग्रामीणों ने लिया संकल्प
कार्यक्रम के अंत में
◆ ग्रामीणों ने नशा से दूर रहने का संकल्प लिया
◆ युवाओं ने आगे आकर जागरूकता फैलाने की जिम्मेदारी भी उठाई।
* क्या समाज मिलकर नशे के खिलाफ जंग जीत पाएगा?
●क्या युवा पीढ़ी इस जाल से खुद को बचा पाएगी?