बदलता छत्तीसगढ़। रायगढ़। अगर आप सिगरेट के शौकीन हैं और ब्रांडेड नाम देखकर खरीदते हैं, तो यह खबर आपको चौंका सकती है। रायगढ़ शहर में नामी कंपनियों के नाम पर नकली सिगरेट बेचने का बड़ा खेल सामने आया है। गोल्ड फ्लेक, विल्स और अन्य लोकप्रिय ब्रांडों से मिलते-जुलते पैकेटों में नकली सिगरेट खुलेआम बेची जा रही थी। रायगढ़ पुलिस की बड़ी कार्रवाई में इस फर्जी कारोबार का पर्दाफाश हुआ है।
सिंधी कॉलोनी के पक्की खोली क्षेत्र स्थित महादेव पान मसाला सेंटर और उससे जुड़े गोदाम पर चक्रधरनगर पुलिस ने छापेमारी कर 61 हजार 310 रुपये कीमत का नकली सिगरेट स्टॉक जब्त किया है। जिले में ट्रेडमार्क अधिनियम के तहत यह पहली बड़ी कार्रवाई मानी जा रही है, जिससे नकली कारोबारियों में हड़कंप मच गया है।
आईटीसी कंपनी की शिकायत से खुला राज
मामले का खुलासा तब हुआ जब आईटीसी कंपनी के अधिकृत प्रतिनिधि सदानंद मिश्रा ने रायगढ़ पुलिस को लिखित शिकायत दी। शिकायत में बताया गया कि रायगढ़ में बड़े पैमाने पर नकली सिगरेट उत्पाद असली ब्रांड के नाम पर बेचे जा रहे हैं। सूचना को गंभीरता से लेते हुए एसएसपी शशि मोहन सिंह के निर्देशन में गोपनीय जांच शुरू की गई।
15 अप्रैल को नमूने खरीदकर जांच की गई, जिसमें गोल्ड फ्लेक ब्रांड के पैकेटों पर लोगो, डिजाइन और फॉन्ट में गड़बड़ी पाई गई। वहीं गोल्ड विमल जैसे नामों से नकली उत्पाद बाजार में उतारे जा रहे थे, जो ग्राहकों को भ्रमित करने की साजिश थी।
महादेव पान मसाला बना फर्जी सप्लाई सेंटर
सीएसपी मयंक मिश्रा के नेतृत्व में पुलिस टीम ने महादेव पान मसाला सेंटर पर रेड की। जांच में सामने आया कि दुकान संचालक लक्ष्मण दास जय सिंह नकली सिगरेट का संग्रहण कर थोक सप्लाई कर रहा था। इससे कंपनी को आर्थिक नुकसान पहुंच रहा था और उपभोक्ताओं के स्वास्थ्य के साथ भी खिलवाड़ किया जा रहा था।
छापेमारी में भारी मात्रा में जब्ती
पुलिस ने मौके से नकली गोल्ड विमल के 920 डिब्बे, गोल्ड फ्लैक किंग के कई पैकेट, व्हाइट फ्लेक्स 274 डिब्बे, गोल्ड किंग तथा खुले पैकेट सहित भारी मात्रा में स्टॉक जब्त किया। कुल कीमत 61 हजार 310 रुपये आंकी गई है।
आरोपी गिरफ्तार, कई धाराओं में केस दर्ज
आरोपी लक्ष्मण दास जय सिंह को गिरफ्तार कर लिया गया है। उसके खिलाफ भारतीय न्याय संहिता की धाराएं 318(1), 349, ट्रेडमार्क अधिनियम 1999 की धारा 103, 104 और कॉपीराइट अधिनियम 1957 की धारा 63, 64 के तहत मामला दर्ज कर न्यायिक रिमांड पर भेजा गया है।
शहर में मचा डर, बाजार में हलचल
इस कार्रवाई के बाद रायगढ़ के व्यापारिक क्षेत्रों में सनसनी फैल गई है। कई दुकानदारों ने संदिग्ध स्टॉक हटाना शुरू कर दिया है। पुलिस की इस कार्रवाई को उपभोक्ताओं के हित में बड़ा कदम माना जा रहा है।
अब सवाल यह है कि आपके हाथ में जो ब्रांडेड पैकेट है, वह असली है या नकली। रायगढ़ पुलिस की यह कार्रवाई हर उपभोक्ता के लिए चेतावनी है।
रायगढ़ में नकली सिगरेट कारोबार का भंडाफोड़…ब्रांडेड नाम पर बिक रहा था जहर…गोल्ड फ्लेक,विल्स के नाम पर बिक रहा जहर…रायगढ़ पुलिस की कार्रवाई…
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